ढल गया दिन हो गई शाम जाने दो जाना है

\:   ढल गया दिन हो गई शाम जाने दो जाना है
\:     अभी\-अभी तो आई हो अभी\-अभी जाना है
\:   ढल गया दिन ...

\:     सितम मेरे दिल पे जो ढाए क़सम लगे उसको मेरी जो जाए
\:   ना ऐसे देखो मुझे न रोको ज़रा ये सोचो बुरा ज़माना है
\:     अभी\-अभी तो आई ...

\:   गुज़ारी साथ हमने कई रातें न जाने कब ख़त्म होंगी तेरी बातें
\:     अभी न जाना कोई तराना कोई फ़साना अभी सुनाना है
\:   ढल गया दिन ...

\:     बनाते हो ये रोज़ ही बहाना न जाने देगा आज तुमको ये दीवाना
\:   माना जी माना तू है दीवाना मेरा दीवाना बड़ा सयाना है
\:   ढल गया दिन ...


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